यूनाइट फॉर ह्यूमैनिटी हिंदी समाचार पत्र

RNI - UPHIN/2013/55191 (साप्ताहिक)
RNI - UPHIN/2014/57987 (दैनिक)
RNI - UPBIL/2015/65021 (मासिक)

कानपुर देहात में नहर की सफाई में श्रमिकों के हाथ आया खजाना, विवाद होने पर लगी पुलिस को भनक


🗒 रविवार, दिसंबर 09 2018
🖋 विक्रम सिंह यादव, प्रधान संपादक

अटिया-रायपुर में नहर-बंबा की सिल्ट सफाई में श्रमिकों के हाथ खजाना लग गया। सोने के एक सिक्के की बिक्री के बाद श्रमिकों में विवाद होने पर पुलिस को भनक लग गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने सोने के सभी सिक्के कब्जे में लेकर छानबीन शुरू की है। सोने के सिक्के गुप्तकालीन बताए जा रहे हैं, उनपर एक तरफ मां लक्ष्मी और चंद्रगुप्त द्वितीय का चित्र अंकित है। अब पुरातत्व विभाग इन सिक्कों की जांच करेगी।

कानपुर देहात में नहर की सफाई में श्रमिकों के हाथ आया खजाना, विवाद होने पर लगी पुलिस को भनक

कानपुर देहात के अटिया-रायपुर में शनिवार को श्रमिक बंबे की सिल्ट सफाई कर रहे थे। इसी दौरान श्रमिक मुनेश सिंह को मिट्टी का बर्तन मिला। उसने फावड़े से बर्तन तोड़ा तो पीले रंग की धातु के चमकते हुए सिक्के दिखे। इसकी जानकारी साथ काम कर रहे श्रमिकों शिव सिंह, प्रेमकुमार व श्याम नारायण को हुई। सुनार को दिखाने की बात कहकर मुनेश ने सभी सिक्के रख लिए। उसने रसूलाबाद में सराफा दुकान पर झींझक के सुनार राजीव को सिक्का दिखाया। सोने का सिक्का होने पर सुनार ने 21 हजार रुपये में खरीद लिया।रविवार को अन्य श्रमिकों के पूछने पर मुनेश ने आनाकानी करने लगा तो उनमें विवाद हो गया और मामला पुलिस तक पहुंच गया। इसके बाद सक्रिय हुई पुलिस ने चारों श्रमिकों को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने श्रमिकों से चार सोने के सिक्के व सुनार से एक सिक्का कब्जे में ले लिया। इस दौरान एसडीएम परवेज अहमद, सीओ बैजनाथ व इंस्पेक्टर आलोक कुमार यादव भी पहुंच गए। एसडीएम ने बताया कि सभी सिक्के गुप्तकालीन प्रतीत हो रहे हैं। इसकी पुष्टि के लिए पुरातत्व विभाग लखनऊ से संपर्क किया गया है। श्रमिकों को पुरातत्व विभाग की ओर से इनाम दिलाने की कोशिश की जाएगी।सोने के सिक्कों में देवी चित्र अंकन वाले प्रमुख हैं। गुप्तकालीन शासकों के देवी के अनन्य उपासक होने का ये सिक्के गवाह हैं। तीन सिक्कों में एक तरफ देवी लक्ष्मी की पद्मासन अवस्था में आकृति है, जबकि दूसरी ओर चंद्रगुप्त द्वितीय की आकृति है। दो सिक्कों में घोड़े पर सवार चंद्रगुप्त द्वितीय की आकृति है और दूसरी ओर धनुष-बाण लिये हुए आकृति है। जानकारों की मानें तो सिक्के पर देवी लक्ष्मी का होना गुप्तकालीन होने की संभावना दर्शाता है।

कानपुर देहात से अन्य समाचार व लेख

» विकास को ही मानना चाहिए भगवान, चुनाव को देख भाजपा मुद्दे से भटकी: अखिलेश यादव

» कानपुर देहात पुलिस ने 1.77 करोड़ की शराब पकड़ी, रिफाइंड ऑयल की बिल्टी पर बिहार ले जा रहे थे कंटेनर ट्रक

» कानपुर देहात मे पहले से थी रंजिश, पटाखा छुड़ाने का विरोध किया तो मारपीट में वृद्ध की मौत

» कानपुर देहात मे शराब की पार्टी के बाद युवक की हत्या, खून से लथपथ मिला साथी

» कानपुर देहात के लुधौरा गांव में जिसको मृत समझ गंगा में बहाया छह साल बाद सामने आया

 

नवीन समाचार व लेख

» उन्नाव मे गोदभराई समारोह में हर्ष फायरिंग में गोली लगने से डांसर समेत दो घायल

» जनपद अलीगढ़ के थाने में तैनात इटावा के दारोगा की हार्टअटैक से मौत

» लखनऊ मे रिसेप्शनिस्ट हत्याकांड मे युवतियों ने उकसाया तो पहुंचे गोली मारने, वाट्सएप चैट से मिले सुबूत

» गृहमंत्री राजनाथ सिंह मथुरा में छात्रों से बोले ज्ञान के साथ चरित्र बल पर करें अपना निर्माण

» उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि 16 दिसंबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जनसभा अंदावा में होगी