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चंदौली में गंगा नदी में नहाते सयम पांच किशोर डूबे


🗒 मंगलवार, सितंबर 07 2021
🖋 विक्रम सिंह यादव, प्रधान संपादक
चंदौली में गंगा नदी में नहाते सयम पांच किशोर डूबे

चंदौली, । बलुआ घाट पर गंगा नदी में नहाते वक्त मंगलवार की दोपहर बेला गांव के पांच किशोर डूब गए। घाट पर मौजूद मल्लाहों ने तत्परता दिखाते हुए तीन किशोरों को किसी तरह बचा लिया। हालांकि, अभी भी दो किशोर लापता हैं। सूचना के बाद पुलिस व स्वजन मौके पर पहुंच गए। लापता किशोरों का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। माना जा रहा है कि नदी के तेज वेग में किशोर आगे की ओर बह गए होंगे। पुलिस ने आगे भी सूचित कर किशोरों की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार गंगा नदी के बलुआ घाट पर मंगलवार की दोपहर बेला गांव के पांच किशोर नहाने के लिए गए हुए थे। इस दौरान मल्‍ला‍ह भी मौके पर मौजूद थे। नदी के गहरे पानी में जाने के दौरान तेज धारा में एक एक कर सभी बहने लगे तो आनन फानन शोर सुनकर मल्‍लाह मौके की ओर नौका लेकर दौड़ पड़े अथक प्रयास के बाद तीन किशोरों को तो बचा लिया गया लेकिन नदी की तेज धारा में दो किशोर बह गए। आनन फानन इस घटना की सूचना पुलिस के साथ ही परिजनों को भी दी गई। पुलिस और परिजन मौके पर पहुंचे और जानकारी ली। मल्‍लाहों के सहयोग से डूबे किशोरों की तलाश शुरू की गई लेकिन दोपहर बाद तक डूबे किशोरों की कहीं कोई जानकारी नहीं मिल सकी थी।  गांव निवासी फेकना देवी की मंगलवार की सुबह मौत हो गई थी। उनके अंतिम संस्कार में भाग लेने के लिए ग्रामीणों के साथ रवी, दीनदयाल, राहुल, किशन और महेश भी बलुआ गंगा घाट आए थे। बड़े लोग अंत्येष्टि के काम में व्यस्त हुए तो किशोर गंगा में नहाने लगे। इसी दौरान तेज धारा में समा गए। घाट पर मौजूद लोगों ने किशोरों को डूबते देखा तो शोर मचाना शुरू किया। आसपास मौजूद मल्लाह मौके पर पहुंच गए। मल्लाहों ने बिना समय गंवाए गंगा में कूदकर दीनदयाल, राहुल और किशन को बचा लिया।हादसे के बाद रवि (15) और महेश (17) गंगा में समा गए। काफी प्रयास के बावजूद मल्लाह उनको ढूंढ नहीं सके। इससे कोहराम मच गया। लोगों की सूचना के बाद मौके पर बलुआ एसओ उदयप्रताप सिंह पहुंच गए। पुलिस गोताखोरों की मदद से लापता किशोरों का पता लगाने में जुटी रही। घटना से परिवार में कोहराम मच गया। स्वजनों के साथ दर्जनों की संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। महेश के पिता वीरेंद्र राम होमगार्ड हैं। मां सूखा देवी गृहणी है। वहीं रवि के पिता केदार राम मजदूरी का काम करते हैं। घटना से सभी आहत हैं। महिलाओं के करुण क्रंदन से माहौल गमगीन रहा।