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सोनभद्र जिला कारागार में बन्दी ने गमछे के सहारे फांसी लगाई,मौत


🗒 मंगलवार, मई 04 2021
🖋 विक्रम सिंह यादव, प्रधान संपादक
सोनभद्र जिला कारागार में बन्दी ने गमछे के सहारे फांसी लगाई,मौत

सोनभद्र,। गुरमा जिला कारागार में मंगलवार को एक बन्दी ने गमछा से फांसी लगाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया था, जिसकी इलाज के दौरान जिला चिकित्सालय में मौत हो गई।चोपन थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत मारकुंडी के भुइहरिया टोला निवासी कृष्ण मुरारी (22) पुत्र महेंद्र पाक्सो एक्ट के मामले में दिसंबर 2020 में न्यायिक हिरासत में जिला कारागार भेजा गया था। घटना मंगलवार दोपहर 12 बजे की है। वह बैरक में बने शौचालय में गया। 10 मिनट बीत जाने के बावजूद जब वह शौचालय से बाहर नहीं निकला तो ड्यूटी पर तैनात कांस्टेबलों को चिंता हुई और वे शौचालय के पास पहुंचे। शौचालय के दरवाजे के जोर से धक्का देने पर वह खुल गया। अंदर का नजारा देख कांस्टेबलों के होश उड़ गए।शौचालय में पानी सप्लाई के लिए लगी पाइप में गमछा के सहारे कृष्ण मुरारी तड़प रहा था। कांस्टेबलों ने उसे पकड़ लिया और गले से फंदा निकालने के बाद घटना की जानकारी विभागीय अधिकारियों को दी। कारागार के अधिकारी मौके पर पहुंच गए और एंबुलेंस से जिला चिकित्सालय ले आए। जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। जेल अधीक्षक मिजाजी लाल यादव ने बताया कि उसकी मौत जिला अस्पताल में उपचार के दौरान हुई है। घटना की जानकारी जिलाधिकारी समेत जेल के उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।जिला कारागार में कृष्ण मुरारी (22) पुत्र महेन्द्र खरवार मारकुंडी भुईहरिया दिसम्बर 2020 में पॉक्‍सो एक्ट के तहत कारागार में बंद था। जो मंगलवार दोपहर में शौचालय के बहाने पानी टंकी के पाईप में गमछे से फन्दा लगाकर आत्महत्या का प्रयास कर लिया था। संयोग से पहरेदारी कर रहे सिपाही की निगाहें पड़ गई और तत्काल गमछे से लटक रहे बन्दी को नीचे उतार कर विभागीय अधिकारियों को सूचित कर दिया और मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने ऐम्बुलेंस से जिला चिकित्सालय भेज दिया। जिसकी इलाज के दौरान जिला चिकित्सालय में मौत हो गई।अधिकारियोंं ने बताया कि बंदी ने गमछे के सहारे फंदा बनाकर जान देने की कोशिश की, हालांकि समय रहते उसे फंदे से नीचे उतार दिया गया था। आनन फानन उसे अस्‍पताल ले जाया गया था जहां उसने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इस बाबत आवश्‍यक विधिक कार्रवाई करने के साथ ही परिजनों को भी सूचित कर दिया गया है। मृतक पर पॉक्‍सो एक्‍ट के तहत कार्रवाई की गई थी। वहीं परिजनों को हादसे की जानकारी मिली तो उनका रो रोकर बुरा हाल हो गया।